संपूर्ण व्यक्तित्व का मूल्यांकन करता अंक
बहुचर्चित पत्रिका ‘पाखी’, सितंबर-नवंबर, 2025 अंक दुर्लभ आलोचक विश्वनाथ त्रिपाठी जी पर केंद्रित अंक पढ़ा। विश्वनाथ जी 95 वर्ष के हो गए हैं और सक्रिय हैं। वे अपनी विलक्षण स्मृति के बल पर लेखन में निरंतर सक्रिय हैं। इस उम्र में आकर व्यक्ति परमहंस या बाल्यावस्था में आ जाता है, वैसी ही निश्छल हंसी, अभिव्यक्ति और....
