पिछले कुछ सालों में हिंदी कहानी की प्रवृत्ति को यदि किसी एक शब्द से समझना हो तो शायद चमत्कार उसके लिए सटीक शब्द होगा। कहानी को प्रभावी बनाने के लिए कथ्य के स्तर पर, भाषा के स्तर पर या शिल्प के स्तर पर प्रचंड तोड़-फोड़ मचाते हुए चमत्कार पैदा करने की कोशिशों ने इधर की कहानियों को बहुत कृत्रिम बना दिया है। ऐसे में यदि किसी कथाकार का पहला संग्रह इस प्रकार के चमत्कार क....
