‘नकटौरा’ साहित्य अकादमी पुरस्कार विजेता लेखिका चित्र मुद्गल का अपनी तरह का अनूठा उपन्यास है। मैं इसे आत्मकथात्मक उपन्यासों की श्रेणी में रखना चाहूंगा, हालांकि डायरी और संस्मरण विधाओं को भी इसमें कुशलतापूर्वक विन्यस्त किया गया है। इसका शीर्षक हमें चाैंकाता है। नकटौरा उत्तर प्रदेश के क्षेत्र की स्त्रियों को बारात वाली रात को मिलने वाली स्वायत्तता से ....
