बहार के लेखक नीलांशु रंजन ने पत्रकारिता से लेखन तक की दूरी तय की है। ‘माइ पापा इज ग्रेट’ उनका तीसरा उपन्यास है। कुछेक सम्मान-पुरस्कार उनके खाते में दर्ज हैं।
विवाहेत्तर प्रेम की दारुण व्यथा-कथा है माई पापा इज ग्रेट उपन्यास। इसमें प्रेम के बदलते स्वरूप, असली प्रेम की धन-संपदा की समृद्धि के समक्ष हार, विवाह संस्था, स्त्रीवाद के परिवर्तित रूप आदि पर लेखक न....
