‘पाखी संवाद-जहां शब्द डरते नहीं’ यूट्यूब मंच से 31 अगस्त, 2026 को प्रसारित संवाद।
भारतीय उपमहाद्वीप के साहित्य में कुछ आवाजें ऐसी हैं जिन्हें किसी एक भाषा, किसी एक देश या किसी एक विचारधारा की सीमा में बांधा नहीं जा सकता। वे इतिहास की सीमाओं से बड़ी हो जाती हैं। उनका साहित्य केवल पढ़ा नहीं जाता, जिया जाता है। अमृता प्रीतम ऐसी ही ....
